भावनात्मक बुद्धिमत्ता · 68 कथन · मुफ़्त
मैं ठीक हूँ। सात अलग माप। कोई एक स्कोर नहीं।
पहुँच गयाभावनाओं को पहचानने, जताने और साझा करने के आपके तरीक़े पर 68 कथन। नतीजे में सात अलग-अलग माप मिलते हैं। इन्हें जोड़कर एक EQ स्कोर नहीं बनाया जाता।
अकाउंट की ज़रूरत नहीं। कभी भी रुक सकते/सकती हैं।
सात अलग माप
किसी रंग पर टैप करें।
भावना को जानें।
हर रंग टेस्ट में मापे जाने वाले सात पहलुओं में से एक है। अलग-अलग रंगों पर टैप करें और चेहरा देखें।
खिलौनायह सिर्फ़ खेल है। कोई स्कोर नहीं बनता, कुछ सेव नहीं होता।
Positive Expressivity
ख़ुशियाँ दिखाना
इसमें क्या आता हैआपकी अच्छी भावनाएँ बाहर कितनी झलकती हैं: खुलकर मुस्कुराना, ख़ुशी से चिल्लाना या नाच उठना।
कुछ यूँ कहते/कहती हैं“हाँ, मैंने थोड़ा डांस किया। नहीं, मैं नहीं रुकूँगा/रुकूँगी।”
ज़्यादा हमेशा बेहतर नहीं
घुमाएँ
11 तक।
हर माप का एक संतुलित स्तर होता है, जो आप पर और उस पल पर निर्भर है। किसी एक को पूरा बढ़ाएँ और देखें कि चरम पर क्या होता है।
Responsive Distressबीच में
अहम बातों पर दिल पिघलता है, ज़रूरत पर मन सँभलता भी है।
आपको क्या मिलेगा
सात पट्टियाँ।
कुल स्कोर नहीं।
हर पहलू का अपना स्कोर है, 1 से 5 तक: उससे जुड़े आपके जवाबों का औसत। इन्हें साथ-साथ समझें, जोड़कर नहीं।
- सात अलग स्कोर, 1 से 5
- हर जवाब दोबारा देख सकें
- स्केल के आधार बने शोध का स्रोत
साफ़-साफ़ बात
बात करते हैं
इस बारे में कि यह क्या नहीं है।
These are seven self-report components, not an ability-based EQ test. There is no single overall EQ score, and higher is not always better.
कथन कहाँ से आए हैं
Barchard (2001), seven public-domain IPIP scales for components potentially related to emotional intelligence.
स्रोत पढ़ें ↗क्या मैं बीच में रुक सकता/सकती हूँ?
हाँ। आप जैसे ही जवाब पक्के करते/करती हैं, वे सेव हो जाते हैं। बिना साइन-इन की प्रगति इसी ब्राउज़र में रहती है, इसलिए लौटकर बाक़ी पूरा कर सकते/सकती हैं।
तो क्या यह कोई EQ टेस्ट है?
“आप भावनाओं के मामले में कितने समझदार हैं” वाले अर्थ में नहीं। यह आपके अपने विवरण पर आधारित है: आप आम तौर पर कैसा महसूस करते/करती हैं। यह भावनात्मक कौशल का टेस्ट नहीं है।
मेरा कुल स्कोर कहाँ है?
कुल स्कोर है ही नहीं। सात माप अलग रखे जाते हैं, क्योंकि उन्हें एक आँकड़े में समेटने से दिलचस्प बातें छिप जाएँगी।
क्या ज़्यादा होना बेहतर है?
हमेशा नहीं। बहुत ऊँचा माप कभी-कभी भारी पड़ सकता है, और कम होना कोई कमी नहीं है। यह आप पर और उस पल पर निर्भर है।
68 कथन।
ख़ुद को पढ़ना शुरू करें।
68 कथन · 7 अलग स्कोर · मुफ़्त · अकाउंट की ज़रूरत नहीं